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किसानों को मिलेगा गेहूं पर 125 रुपए प्रति क्विंटल बोनस, पंजीकरण हुआ शुरू 

जानिए कैसे और कहाँ करें आवेदन 
 
bonus on wheat

सरकार ने किसान भाइयों के लिए एक तोहफा दिया है।  इस बार की रबी (Rabi Season) की फसल को देखते हुए सरकार ने किसानों के लिए एक योजना बनाई है। ज्यादातर किसानों ने इस रबी सीजन में गेंहूं की बुवाई की है। उम्मीद लगाईं जा रही है की इस बार गेंहूं की बंपर पैदावार होने वाली है। इसी के चलते सरकार ने किसानों को गेंहूं की फसल पर 125 रुपए प्रति क्विंटल बोनस देने की घोषणा की है। इससे किसानों को गेहूं बेचने से पहले की अपेक्षा इस बार अधिक लाभ प्राप्त होगा। इससे उनकी आय में भी बढ़ोतरी होगी। 

बता दें कि प्रदेश सरकार किसानों की आय बढ़ाने के प्रयास कर रही है। वहीं गेहूं की खेती (wheat cultivation) की लागत में बढ़ोतरी को ध्यान में रखते हुए प्रदेश सरकार ने किसानों को रबी फसल विपणन सीजन 2024-25 के लिए गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर बोनस के रूप में अतिरिक्त लाभ देने का फैसला किया है। इसके लिए पंजीयन भी किए जा रहे हैं। प्रदेश के जो किसान गेहूं बेचने के लिए पंजीयन करना चाहते हैं वे इसके लिए पंजीयन करवा कर गेहूं की उपज विक्रय पर बोनस का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।

किसानों से अब किस भाव पर होगी गेहूं की खरीद (At what price will wheat be purchased from farmers now):
राज्य सरकार की ओर से किसानों को प्रति क्विंटल 125 रुपए बोनस दिया जाएगा। केंद्र सरकार की ओर से गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2024-25 के लिए 2275 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। इस पर प्रदेश सरकार 125 रुपए बोनस के जोड़कर 2400 रुपए प्रति क्विंटल की दर से किसानों से गेहूं की खरीद करेगी। इससे प्रदेश के लाखों किसानों को लाभ होगा।

गेहूं की खरीद की क्या रहेगी व्यवस्था (What will be the arrangement for wheat procurement):
राज्य में गेहूं की खरीद भारतीय खाद्य निगम (Food Corporation of India) के माध्यम से की जाएगी। इसके लिए निगम द्वारा संचालित खरीद केंद्रों पर किसानों से रबी विपणन वर्ष 2024-25 के तहत गेहूं की खरीद (purchase of wheat) की जाएगी। इसके लिए किसान को भारतीय खाद्य निगम डिपो ऑनलाइन सिस्टम के ई- प्रोक्योरमेंट मोड्यूल पर ऑनलाइन पंजीयन करा सकते हैं। राज्य सरकार द्वारा 20 जनवरी 2024 से किसानों का पंजीयन शुरू हो चुका है। जिन किसानों ने अभी तक न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने के लिए पंजीयन नहीं कराया है, वे किसान इसके लिए ई-मित्र केंद्र (E-Mitra Center), अटल सेवा केंद्र (Atal Seva Kendra) या अन्य माध्यम से पंजीयन करवा सकते हैं। बता दें कि राज्य में न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं की खरीद 10 मार्च 2024 से शुरू की जाएगी।

एमएसपी पर फसल बेचने के लिए पंजीयन हेतु किन दस्तावेजों की होगी आवश्यकता (What documents will be required for registration to sell crops on MSP):
किसानों को गेहूं का एमएसपी पर विक्रय करने से पूर्व पंजीयन कराना जरूरी होगा। इसके लिए उन्हें कुछ दस्तावेजों की आवश्यकता होगी, ये दस्तावेज इस प्रकार से हैं-

- किसान का जन आधार कार्ड
- बैंक की पासबुक की कॉपी
- किराये की भूमि/बटाईदार/अनुबंध भूमि- भूमि मालिक का जन आधार कार्ड, माह जिसमें बटई एग्रीमेंट हुआ है, रेंट एग्रीमेंट की कॉपी (पीडीएफ प्रारूप में जिसका अधिकतम आकार 150 केबी तक होना चाहिए)

बता दें कि पंजीकरण के लिए किसान को आवश्यक रूप से जन आधार कार्ड में जानकारी जैसे- नाम, मोबाइल नंबर, बैंक खाता आदि को अपडेट कराना सुनिश्चित करना होगा ताकि पंजीयन में कोई समस्या नहीं आए।

गेहूं पर बोनस का लाभ लेने के लिए कैसे करें ऑनलाइन पंजीयन (How to register online to avail bonus on wheat):
यदि आप राजस्थान के किसान है तो आप एमएसपी पर गेहूं की फसल बेचकर बोनस का लाभ उठा सकते हैं। इसके लिए राज्य के किसानों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना होगा। एमएसपी पर गेहूं बेचने के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया इस प्रकार है:
- गेहूं विक्रय के लिए ऑनलाइन पंजीयन के लिए सबसे पहले आपको खाद्य विभाग की आधिकारिक वेबसाइट https://food.rajasthan.gov.in/ पर जाना होगा।
- यहां होम पेज पर आपको गेहूं खरीद के लिए रजिस्ट्रेशन का आप्शन दिखाई देगा। आपको इस पर क्लिक करना होगा।
- यहां आपके सामने किसान पंजीकरण नाम से खुल जाएगा। इसमें महत्वपूर्ण सूचनाएं अंकित होगी, जिन्हें आपको पंजीकरण करने से पहले ध्यानपूर्व दे पढ़ लेना हैं। इसके बाद यही पर सबसे नीचे की ओर हाथ के निशान के साथ किसान पंजीकरण के लिए यहां क्लिक करें लिखा मिलेगा, आपको इस लिंक पर क्लिक करना होगा।
- यहां क्लिक करते ही आपके एक पेज खुलेगा जिसमें किसान को व्यक्तिगत जानकारी देनी होगी जिसमें फसल का नाम और जन आधार कार्ड नंबर डालना होगा। इसके बाद खोजे (सर्च) पर क्लिक करना होगा।
- अब आपके सामने जन आधार कार्ड से किसान के परिवार के सदस्यों की सूची प्रदर्शित होगी। इसमें आपको जिसके नाम गिरदावरी है उसके नाम का चुनना होगा।
- इसके बाद आपसे खाताधारक का विवरण जिसमें खाताधारक का नाम, पिता या पति का नाम, श्रेणी, जाति, जन्मतिथि, आधार नंबर, मोबाइल नंबर, पंचायत समिति, ब्लॉक, ग्राम पंचायत, ग्राम व खाताधारक का पता आदि विवरण भरना होगा। 
- इसके बाद किसान जिस खरीद केंद्र पर अपनी फसल बेचना चाहता है उस खरीद केंद्र का चुनाव करना होगा।
- इसके बाद किसान को भूमि का विवरण देना होगा। 
- यह सब जानकारी भरने के बाद आपको रिकार्ड सेव करें बटन पर क्लिक करना होगा।
- इस तरह गेहूं पंजीयन के लिए आपका रजिस्ट्रेशन सफलतापूर्वक हो जाएगा।
- रजिस्ट्रेशन के बाद आपके रजिस्टर्ड मोबाइल पर एमएसपी पर गेहू की फसल बेचने के संबंध में एसएमएस प्राप्त होगा।

एसएमएस प्राप्त नहीं होने की दशा में क्या करें किसान (What should farmers do if they do not receive SMS):
आपके द्वारा गेहूं की उपज बेचने के लिए पंजीकरण कराने के 7 से 10 दिनों तक आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर कोई एसएमएस (संदेश) प्राप्त नहीं होता है तो इस दशा में आपको संबंधित क्रय केंद्र पर संपर्क करना चाहिए। इसके अलावा आप इस संबंध में स्वयं के पंजीकरण संख्या अथवा जन आधार से विभाग की वेबसाइट पर जाकर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।